बुधवार, 24 मई 2023
परन्तुक (Provisos)
परन्तुक (Provisos) – परन्तुक धारा का एक भाग होता है और इसे धारा से अलग नहीं किया जा सकता। परन्तुक धारा को नष्ट नहीं करता बल्कि शर्त लगा देता है। परन्तुक धारा का सहायक होता है । यदि धारा और परन्तुक में संघर्ष (Conflict) हो तो परन्तुक भाग को छोड़ा जा सकता है । वास्तव में परन्तुक का अभिप्राय मुख्य धारा के उपबन्ध पर कुछ रोक लगाना होता है । परन्तु परन्तुक किसी अधिनियम की पूरी व्यवस्था को नष्ट नहीं कर सकता। परन्तुक का मुख्य कार्य किसी संविधि की सामान्य व्यवस्थाओं पर अपवाद पेश करना होता है। दूसरे शब्दों में उस अपवाद को छोड़कर जो परन्तुक द्वारा पेश किया गया है, अधिनियम का सामान्य प्रभाव ज्यों का त्यों बना रहता है ।
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